सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

Featured Post

Instruction cycle in hindi - इंस्ट्रक्शन साइकिल क्या है

ansi sparc architecture of dbms - DBMS in hindi

आज हम computers in hindi मे ansi sparc architecture of dbms - DBMS in hindi के बारे में जानकारी देगे क्या होती है तो चलिए शुरु करते हैं-

ansi sparc architecture of dbms:-

ansi sparc architecture (American National Standard Institute / Standard Planning and Requirements Committee)  के डीबीएमएस के तीन लेबल के आर्किटेक्चर का उपयोग Physical database व user के एप्लीकेशन को अलग - अलग करने के लिये किया जाता है । प्रत्येक लेबल के view को दर्शाने के लिये एक स्कीम का उपयोग करते हैं और स्कीम एक प्लान होता है जो रेकार्ड व view की समस्त रिलेशनशील को परिभाषित करता है । इस आर्किटेक्चर के निम्नलिखित तीन व्यू होते हैं : 
( 1 ) एक्सटरनल लेबल  (External Label )
( 2 ) कान्सेप्च्युअल लेबल ( Conceptual Label)
( 3 ) इनटरनल  लेबल ( Internal Label)
ansi sparc architecture of dbms


( 1 ) एक्सटरनल लेबल  (External Label ):-

यह डेटाबेस का सबसे ज्यादा Abstract label होता है जहाँ पर कि डेटाबेस का वह भाग ही दिखाता है जो कि किसी यूजर को या एप्लिकेशन प्रोग्राम को चाहिये होता है । किसी भी एक ग्लोबल ( Compual ) लेबल के बहुत से यूजर व्यूज हो सकते हैं व साथ ही एक से अधिक एक समान view भी इसमें हो सकते हैं । इसमें वह स्कीम ( या स्किमा या व्यू ) जिसके द्वारा External view को परिभाषित किया जाता है और उसे External schema कहते है । इस schema में Logical records की परिभाषा , External view में रिलेशनशिप व ऐसी Methods जिसके द्वारा आब्जेक्ट को Compual view से External view में ले जाया जाता है । इसमे किसी आब्जेक्ट मेंNTT, Attributes व Relationships इत्यादि शामिल होते है ।

( 2 ) कान्सेप्च्युअल लेबल या ग्लोबल व्यू (Conceptual Label):-

डेटाबेस Abstraction का यह ग्लोबल व्यू समस्त डेटाबेस को Displayed करता है और वह schema जोकि ग्लोबल व्यू को परिभाषित करती है , इसे Compual schemaकहते हैं । जिसमें सभी डेटाबेस एन्टिटीस् , उन सभी के बीच की relationship व ऐसी Methods जिसके द्वारा object को External view से Compual view पर लाया जा सके और प्रत्येक डेटाबेस में सिर्फ एक ही Compual view होता है।
इस लेवल पर डेटा के format की जानकारी उसके physical format से पूरी तरह से भिन्न होती है और साथ ही इसमें ऐसे गुण भी होते हैं , जो डेटा के Durability व uniformity को बनाये रखने के लिये arrangement करता है ।

( 3 ) इनटरनल  लेबल ( Internal Label):-

यह डेटाबेस का सबसे कम Abstracted level होता है जो यह बताता है कि डेटा किसी तरह से storage होगा , और डेटाबेस के द्वारा किस तरह का Data structure  व access method उपयोग की जायेगी । अतः यह Level physical storage method के बहुत ही नजदीक है । जिस schama का उपयोग इस लेवल को defined करने के लिये किया जाता है और उसे Internal schema कहते है । इस स्किमा में Stored Records की परिभाषा , डेटा फाइल को show की विधि व Accessing record को पढ़ने के लिये मदद इत्यादि शामिल होती है ।

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

ms excel functions in hindi

  आज हम  computer in hindi  मे ms excel functions in hindi(एमएस एक्सेल में फंक्शन क्या है)   -   Ms-excel tutorial in hindi   के बारे में जानकारी देगे क्या होती है तो चलिए शुरु करते हैं- ms excel functions in hindi (एमएस एक्सेल में फंक्शन क्या है):- वर्कशीट में लिखी हुई संख्याओं पर फॉर्मूलों की सहायता से विभिन्न प्रकार की गणनाएँ की जा सकती हैं , जैसे — जोड़ना , घटाना , गुणा करना , भाग देना आदि । Function Excel में पहले से तैयार ऐसे फॉर्मूले हैं जिनकी सहायता से हम जटिल व लम्बी गणनाएँ आसानी से कर सकते हैं । Cell Reference में हमने यह समझा था कि फॉर्मूलों में हम जिन cells को काम में लेना चाहते हैं उनमें लिखी वास्तविक संख्या की जगह सरलता के लिए हम उन सैलों के Address की रेन्ज का उपयोग करते हैं । अत : सैल एड्रेस की रेन्ज के बारे में भी जानकारी होना आवश्यक होता है । सैल एड्रेस से आशय सैल के एक समूह या श्रृंखला से है । यदि हम किसी गणना के लिए B1 से लेकर  F1  सैल को काम में लेना चाहते हैं तो इसके लिए हम सैल B1 , C1 , D1 , E1 व FI को टाइप करें या इसे सैल Address की श्रेणी के रूप में B1:F1 टाइ

window accessories kya hai

  आज हम  computer in hindi  मे window accessories kya hai (एसेसरीज क्या है)   -   Ms-windows tutorial in hindi   के बारे में जानकारी देगे क्या होती है तो चलिए शुरु करते हैं- window accessories kya hai (एसेसरीज क्या है)  :- Microsoft Windows  कुछ विशेष कार्यों के लिए छोटे - छोटे प्रोग्राम प्रदान करता है इन्हें विण्डो एप्लेट्स ( Window Applets ) कहा जाता है । उनमें से कुछ प्रोग्राम उन ( Gadgets ) गेजेट्स की तरह के हो सकते हैं जिन्हें हम अपनी टेबल पर रखे हुए रहते हैं । कुछ प्रोग्राम पूर्ण अनुप्रयोग प्रोग्रामों का सीमित संस्करण होते हैं । Windows में ये प्रोग्राम Accessories Group में से प्राप्त किये जा सकते हैं । Accessories में उपलब्ध मुख्य प्रोग्रामों को काम में लेकर हम अत्यन्त महत्त्वपूर्ण कार्यों को सम्पन्न कर सकते हैं ।  structure of window accessories:- Start → Program Accessories पर click Types of accessories in hindi:- ( 1 ) Entertainment :-   Windows Accessories  के Entertainment Group Media Player , Sound Recorder , CD Player a Windows Media Player आदि प्रोग्राम्स उपलब्ध होते है

report in ms access in hindi - रिपोर्ट क्या है

  आज हम  computers in hindi  मे  report in ms access in hindi (रिपोर्ट क्या है)  - ms access in hindi  के बारे में जानकारी देगे क्या होती है तो चलिए शुरु करते हैं-  report in ms access in hindi (रिपोर्ट क्या है):- Create Reportin MS - Access - MS - Access database Table के आँकड़ों को प्रिन्ट कराने के लिए उत्तम तरीका होता है , जिसे Report कहते हैं । प्रिन्ट निकालने से पहले हम उसका प्रिव्यू भी देख सकते हैं ।  MS - Access में बनने वाली रिपोर्ट की मुख्य विशेषताएँ :- 1. रिपोर्ट के लिए कई प्रकार के डिजाइन प्रयुक्त किए जाते हैं ।  2. हैडर - फुटर प्रत्येक Page के लिए बनते हैं ।  3. User स्वयं रिपोर्ट को Design करना चाहे तो डिजाइन रिपोर्ट नामक विकल्प है ।  4. पेपर साइज और Page Setting की अच्छी सुविधा मिलती है ।  5. रिपोर्ट को प्रिन्ट करने से पहले उसका प्रिन्ट प्रिव्यू देख सकते हैं ।  6. रिपोर्ट को तैयार करने में एक से अधिक टेबलों का प्रयोग किया जा सकता है ।  7. रिपोर्ट को सेव भी किया जा सकता है अत : बनाई गई रिपोर्ट को बाद में भी काम में ले सकते हैं ।  8. रिपोर्ट बन जाने के बाद उसका डिजाइन बदल